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वीडियोः स्कूटर सवार को पड़ा दिल का दौरा, पुलिसवालों ने ऐसे बचाई जान

तर्कसंगत

February 1, 2018

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हैदराबाद में ट्रैफ़िक पुलिसकर्मियों का एक व्यक्ति को सीपीआर देते हुए वीडियो वायरल हुआ है.

तेलंगना के सूचना प्राद्योगिकी मंत्री केटी रामा राव ने भी ये वीडियो शेयर किया है.

बुधवार को इस स्कूटर सवार को अचानक दिल का दौरा पड़ गया था. हैदराबाद ट्रैफ़िक पुलिस के दो सिपाहियों की चुस्ती और समझदारी ने इस व्यक्ति की जान बचा ली.

बुधवार दोपहर करीब साढ़े बारह बजे धूलपेट की ओर से टाडबंड की ओर जा रहा एक स्कूटर सवार पुरानापुल के पास अचानक गिर गया.

चौराहे पर ट्रैफ़िक संभाल रहे होमगार्ड चंदन सिंह और इनायतउल्लाह़ ख़ान क़ादरी तुरंत उसकी मदद के लिए दौड़े.

दोनों ने बिना हड़बड़ाए पीड़ित को तब तक सीपीआर (हृत्फ़ुफ्फुसीय पुनर्जीवन, कार्डियोपलमोनरी रीसस्साइटेशन) दिया.

इस पूरी घटना का वीडियो इंटरनेट पर वायरल हो गया है. आम लोगों के अलावा सूचना एवं प्राद्योगिकी मंत्री केटी रामा राव ने भी दोनों होमगार्डों की तारीफ़ की है.

Hyderabad Policemen save heart attack victim by giving CPR

हैदराबाद में दो पुलिसवालों ने इस व्यक्ति की जान बचा ली. दरअसल इस स्कूटर सवार को दिल का दौरा पड़ा था. बिना वक़्त गंवाए दोनों पुलिसवालों ने इस व्यक्ति को सीपीआर दी.

Geplaatst door तर्कसंगत – Tarksangat op donderdag 1 februari 2018

 

घटना को याद करते हुए चंदन सिंह ने द न्यूज़ मिनट से कहा , “मैं अपने जीवन कभी इतनी तेज़ नहीं दौड़ा. मुझे आ रहे वाहनों की चिंता नहीं थी. मैं तुरंत उसके पास गया. मैं समझ गया था कि हालत गंभीर है. वो हिल डुल तक नहीं पा रहे थे.”

“वो बेहोश पड़े थे. हाथ पैर तक नहीं हिला रहे थे. मैंने पल्स देखी तो हार्टबीट नहीं थी. तुरंत एक और व्यक्ति मदद के लिए आगे आया. मैंने उसे सीपीआर दी. हमें ट्रैफ़िक ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में सीपीआर देना सिखाया गया था.”

चंदन बताते हैं, “मैंने करीब एक मिनट तक सीपीआर दी. फिर उनकी सांसें वापस आ गईं. मैं बहुत थक गया था. लेकिन उनकी सांसें वापस देखकर मैं बहुत ख़ुश था. मैंने किसी की जान बचा ली थी.”

इसी बीच इनायतउल्लाह ने ट्रैफ़िक संभाले रखा और एंबुलेंस की व्यवस्था कर ली.

इनायतउल्लाह कहते हैं, “हम तो बस ज़रिया हैं, जान बचाने वाला तो अल्लाह है. हम हार मानने वाले थे. लेकिन एक धुंधली सी उम्मीद थी कि अगर हम सीपीआर देते रहे तो शायद उसकी सांसें वापस ही आ जाएं.”

वो कहते हैं, मैं ख़ुश हूं कि जो ट्रैनिंग हमने ली थी उससे हमने किसी की जान बचा ली.

चंदन सिंह और इनायतउल्लाह ख़ान दोनों होमगार्ड हैं और बहादुरपुरा ट्रैफ़िक थाने में तैनात हैं.

स्रोतः द न्यूज़ मिनट

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