सप्रेक

ये हैं केरल की पहली ट्रांसजेडर जर्नलिस्‍ट जिन्होनें चंद्रयान-2 की उपलब्धियों पर की रिपोर्टिंग

तर्कसंगत

Image Credits: Indian Express

September 4, 2019

SHARES

मलयालम ब्रॉडकास्टिंग के इतिहास में पहली बार एक ट्रांसजेंडर ने टीवी न्यूज चैनल में रिपोर्टिंग की. 22 साल की हैदी सादिया ने सोमवार को ऑनएयर होकर चंद्रयान 2 मिशन की डिवेलपमेंट की खबर बताई. सादिया ट्रांसवुमन हैं, जो केरल के त्रिशूर जिले के गुरुवयूर से ताल्लुक रखती हैं. सादिया ने 31 अगस्त को ही एक साल के लिए ब्रॉडकास्ट जर्नलिस्ट के रूप में केरल का स्थानीय कैराली न्यूज चैनल जॉइन किया है.

राज्य की स्वास्थ्य मंत्री केके शैलजा ने उन्हें बधाई देते हुए फेसबुक पर लिखा, ‘सादिया देश के दूसरे ट्रांसजेंडरों के लिए प्रेरणास्रोत हैं. अपनी डिग्री के बाद उन्‍होंने पत्रकारिता में पी जी डिप्लोमा किया और वह कैराली न्यूज से जुड़ीं। उन्‍होंने चंद्रयान 2 की उपलब्धि की रिपोर्टिंग की.’

 

ഓരോ ഭാരതീയനും അഭിമാനം നല്‍കുന്ന നിമിഷങ്ങളാണിന്ന്. ചാന്ദ്രയാന്‍-2 ന്റെ ഓര്‍ബിറ്ററും ലാന്‍ഡറും തമ്മില്‍ വേര്‍പിരിഞ്ഞ…

Posted by K K Shailaja Teacher on Monday, 2 September 2019

 

सादिया ने हाल ही में उन्होंने त्रिवेंदम प्रेस क्लब के इंस्टिट्यूट ऑफ जर्नलिज्म से ब्रॉडकास्ट जर्नलिज्म में अपना पोस्टग्रैजुएट डिप्लोमा पूरा किया है. उन्होंने इससे पहले इग्नू से इंग्लिश लैंग्वेज ऐंड लिटरेचर में अपना ग्रैजुएशन किया था. सादिया ने बताया कि उनका सपना मीडिया प्रफेशनल बनने का था, क्योंकि उन्हें लगता है कि जर्नलिज्म अपने आप में सोशल वर्क है.

सादिया ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि उन्हें सत्तारूढ़ सीपीएम द्वारा नियंत्रित एक समाचार चैनल, कैराली टीवी में नौकरी मिली, जो इंटर्नशिप के दौरान लेटरल एंट्री के ज़रिये उन्हें मिली है. “मेरी इंटर्नशिप में एक सप्ताह, संपादकों ने मेरे सीवी को देखा और मेरे प्रदर्शन से खुश थे और मुझे काम मिल गया. सादिया ने कहा, मैं चंद्रयान -2 लैंडर के बारे में ऑन-एयर जाने और रिपोर्ट करने के लिए बहुत उत्साहित थी.”

सादिया ने शुरुआत में मैंगलोर में ग्रेजुएशन के लिए फिजियोथेरेपी पाठ्यक्रम के लिए दाखिला लिया था, लेकिन अपने बैच-साथियों और वरिष्ठों द्वारा महीनों के उत्पीड़न और दुर्व्यवहार के बाद उन्होंने बीच में ही कोर्स छोड़ दिया.

सादिया ने बातचीत में न्यूज़ 18 को बताया कि ‘इस प्रोफेशन में मैंने कोई भेदभाव महसूस नहीं किया. मेरा ऑफिस मुझे अपना घर लगता है.” वो उम्मीद करती हैं कि भविष्‍य में एलजीबीटी समुदाय के दूसरे लोगों को भी दूसरी जगहों पर इसी तरह का सकारात्मक वातावरण मिलेगा. सादिया ने 18 साल की उम्र में घर छोड़ दिया था जिसके बाद उन्हें चर्चित ट्रांसजेंडर मेकअप आर्टिकल रेंजु रेंजिमर ने गोद ले लिया था क्‍योंकि उनके माता पिता उन्‍हें स्‍वीकार नहीं कर पा रहे थे कि वो एक ट्रांसवुमन हैं. सादिया कहती हैं कि उन्‍हें उनसे कोई शिकायत नहीं है. मैं बस इतना चाहती हूं कि वह देखें कि मैं आज क्या कर रही हूं. सादिया के 18 साल की उम्र में घर छोड़ने के बाद उन्हें चर्चित ट्रांसजेंडर मेकअप आर्टिकल रेंजु रेंजिमर ने गोद ले लिया था.

 

अपने विचारों को साझा करें

संबंधित लेख

लोड हो रहा है...